माखुपुरा
राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ के विदा होते ही सूर्यदेव ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं. अजमेर में पारा 36.9 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जिससे जिले में पेयजल संकट गहराने लगा है. इस संकट के बीच, माखुपुरा इलाके में पानी चोरी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां जनता के पीने के पानी से खेतों की सिंचाई की जा रही थी. जिसकी भनक जलदाय विभाग को लगते ही टीम ने कार्रवाई करते हुए इस पूरे खेल का खुलासा कर दिया.
खेत में टैंक बनाकर पीने के पानी का कर रहा था स्टोरेज
मामला माखुपुरा इलाके का है जहां जलदाय विभाग ने जांच के दौरान पाया की आरोपी ने न केवल मुख्य पाइपलाइन से कनेक्शन लिया, बल्कि खेत में टैंक बनाकर पानी का स्टोरेज भी कर रहा था. मामले की जांच कर रहे विभाग के जेईएन बीना मीणा ने जलापूर्ति निरीक्षण के दौरान इस अवैध कनेक्शन को पकड़ा. जांच के दौरान पाया कि माखुपुरा के रहने वाले लेखराज के खेत तक सीधे एक पाइपलाइन जोड़ी गई थी. जब उससे कनेक्शन के वैध दस्तावेज मांगे गए तो वह कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर सका. जिसके बाद इसकी सूचना विभाग को दी.
सूचना के बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर पहुंचकर एईएन सत्यवीर ने कार्रवाई की. आदर्श नगर थाने में आरोपी के खिलाफ पानी की चोरी की एफआईआर दर्ज करवाई. मामले को लेकर विभाग ने जानकारी देते हुए बताया कि यह केवल पानी चोरी का केस नहीं है. बल्कि सरकारी संसाधनों के दुरुपयोग और आम जनता के हक पर डाका डालने जैसा है.
इलाके में अवैध कनेक्शन की जांच में जुटा जलदाय विभाग
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. साथ ही यह पता लगाने का काम कर रहा है कि कहीं इस तरह के अवैध कनेक्शन इलाके में और तो नहीं हैं. यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब अजमेर में कई इलाकों में पानी की किल्लत बनी हुई है. ऐसे में पीने के पानी का दुरुपयोग और अवैध दोहन प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा है.

More Stories
अखिलेश के प्रदर्शन पर राजभर का पलटवार, बोले- ‘How Can You Rok’ वाले धर्मेंद्र यादव का इतिहास देखिए
कुपोषण और एनीमिया के खिलाफ जमीनी स्तर पर तंत्र को करें मजबूत, हर दिन आंगनबाड़ी केंद्रों का करें निरीक्षण: मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े
लोक कलाकार विक्रम यादव के स्वास्थ्य को लेकर संवेदनशील हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, परिजनों से की बात, बेहतर इलाज के दिए निर्देश