भोपाल
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में जमीन धंस रही है। कलियासोत नदी के मुहाने पर जमीन धंस गई जिससे कई कारें दब गईं। भारी बारिश के चलते यह घटना घटी। जमीन धंसने से आसपास के इलाके में दहशत पसर गई। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। जमीन में दबी कारों को देर रात क्रेन से निकाला गया।
कलियासोत नदी के मुहाने पर जमीन धंसने से 8 मंजिला इमारत आम्रवेली की नींव पर खतरा उत्पन्न होने की बात कही जा रही है। पता चला है कि आसपास की इमारतों की नींव भी कमजोर हो गई है।
भोपाल के बाहरी इलाके में देर रात उस समय सनसनी फैल गई जब यहां जमीन धंसने लगी। इससे आसपास के कई क्षेत्र में कई पेड़ गिर गए, रोड फट गईं। जमीन धंसने से रहवासियों की कारें दब गईं। मामले की सूचना तुरंत पुलिस और प्रशासन को दी गई।
जमीन धंसने की सूचना मिलते ही अनेक वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए। जमीन में दबी कारों को क्रेन से निकालने का काम शुरु किया गया। कुछ लोगों ने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों व अमले की भी भरपूर मदद की।
जमीन धंसने के इस मामले में 8 मंजिला इमारत आम्रवेली की नींव भी हिल गई है। सलैया इलाके में मौजूद यह प्रोजेक्ट कलियासोत नदी के बेहद नजदीक बना हुआ है। जमीन धंसने से आसपास की अन्य इमारतों को भी खतरा उत्पन्न हो गया है। जिला प्रशासन की टीम मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा ले रही है।
घटना के बाद आसपास रहने वाले लोगों में दहशत का माहौल है। सबसे बड़ी चिंता 8 मंजिला आम्रवेली बिल्डिंग की नींव को लेकर सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि जमीन धंसने का असर आसपास की इमारतों की नींव पर भी पड़ सकता है।
फिलहाल प्रशासन की ओर से मौके की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। जमीन धंसने की वास्तविक वजह और इमारतों की सुरक्षा को लेकर तकनीकी जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
देर रात शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन के अधिकारी देर रात अपना अमला लेकर मौके पर पहुंचे। क्रेन की मदद से जमीन में धंसी कारों को बाहर निकालने का अभियान चलाया गया। कारों को कड़ी मशक्कत के बाद निकाला जा सका।
इमारतों में रह रहे लोगों पर मंडराया खतरा
इलाके में लगातार और तेज बारिश हो रही है। इसके बीच जमीन धंसने की घटना ने इलाके में रह रहे लोगों की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जमीन धंसने से इमारतों की नींव को नुकसान पहुंचने की आशंका है जिससे इनमें रह रहे लोगों को खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोग अब दहशत के साए में रह रहे हैं। यदि तेज बारिश का दौर जारी रहा तो जमीन और धंसने की आशंका है। फिलहाल जिला प्रशासन स्थिति पर नजर रख रहा है। जमीन धंसने की वजह जानने की कोेशिश की जा रही है।

More Stories
इंदौर में 17 किमी लंबे मेट्रो रूट पर सेवा शुरू, CM मोहन यादव बोले- विकास को मिलेगी नई गति
MP में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, IAS दिलीप कुमार बने सागर संभागायुक्त; 11 अफसरों के तबादले
राष्ट्र निर्माण की पीढ़ी तैयार करते हैं शिक्षक : राज्यपाल पटेल