September 25, 2026

जयपुर में ‘आंगन मिलन सेवा’ कार्यक्रम, दिया कुमारी ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को किया सम्मानित

जयपुर
विकसित भारत जन सेवा अभियान के तहत शुक्रवार को वाटिका के सामुदायिक भवन में 'आंगन मिलन सेवा' कार्यक्रम का आयोजन उपमुख्यमंत्री तथा महिला एवं बाल विकास मंत्रीदिया कुमारी के मुख्य आतिथ्य में किया गया।

इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं और आशा सहयोगिनियों को माला पहनाकर, पौधा एवं माननीय प्रधानमंत्री जी द्वारा प्रेषित पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। साथ ही इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री द्वारा गर्भवती महिलाओं की गोद भराई और धात्री माताओं के बच्चों का अन्नप्राशन करवाया गया।

अपने संबोधन में दिया कुमारी ने कहा कि आंगनबाड़ी सिर्फ एक केंद्र नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य निर्माण की पहली पाठशाला है। आंगनबाड़ी बहनें हर बच्चे की मुस्कान और हर माँ के विश्वास की जिम्मेदारी पूर्ण मुस्तैदी से निभा रही हैं। यह सम्मान उस ममता, मेहनत और समर्पण का सम्मान है, जिससे नई पीढ़ी का भविष्य संवर रहा है।

दिया कुमारी ने कहा कि आंगनबाड़ी में आयोजित यह कार्यक्रम बच्चों के स्वस्थ भविष्य के लिए परिवार और समाज को जोड़ने का प्रयास है। पोषण के क्षेत्र में निःस्वार्थ भाव से काम करने वाली कार्यकर्ता, सहायिका ही हमारे लोकल हीरो हैं।

उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने आंगनबाड़ी बहनों के समर्पण की सराहना करते हुए उन्हें पत्र प्रेषित किया है। पोषण ट्रैकर जैसी डिजिटल व्यवस्था से पोषण की निगरानी अधिक प्रभावी हुई है, जिसकी G20, UNICEF, WHO तक में सराहना हुई है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों को सुदृढ़ और अपग्रेड किया जा रहा है, नए केंद्र बनाए जा रहे हैं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी की गई है। इसका उद्देश्य बच्चों के पोषण में सुधार और उनका उज्जवल भविष्य सुनिश्चित करना है।

उन्होंने आह्वान किया कि हर स्वस्थ बच्चा हमारी जिम्मेदारी है, हम सभी हर बच्चे को सही पोषण, स्नेह और संस्कार देने का संकल्प लें। आंगनबाड़ी केंद्र विकसित राजस्थान की नई कहानी लिखने का मंच बनेंगे।

कार्यक्रम में निदेशक समेकित बाल विकास सेवाएं वासुदेव मालावत,  जनप्रतिनिधियों, संस्था प्रधानों, महिला मोर्चा की सदस्यों, राजीविका समूहों तथा बड़ी संख्या में लाभार्थी माताओं और बच्चों ने भाग लिया।