October 8, 2026

टीबी उन्मूलन के लिए युवा शक्ति तैयार, JOSH टीमें घर-घर स्क्रीनिंग में करेंगी सहयोग : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

टीबी उन्मूलन के लिए युवा शक्ति तैयार, JOSH टीमें घर-घर स्क्रीनिंग में करेंगी सहयोग : उप मुख्यमंत्री शुक्ल

टीबी उन्मूलन के लिए JOSH (जॉइंट स्क्वॉड फ़ॉर हेल्थ) टीम का किया शुभारंभ
स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और समय पर जांच गंभीर बीमारियों से बचाव में महत्वपूर्ण
टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों, निक्षय मित्रों और स्वास्थ्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों को किया सम्मानित

भोपाल

उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि सघन स्क्रीनिंग के परिणामस्वरूप मध्यप्रदेश में अब तक 1.12 लाख टीबी मरीजों की समय पर पहचान की जा चुकी है। पहले जहां 25 से 30 हजार मरीज ही चिन्हित हो पाते थे, वहीं व्यापक स्क्रीनिंग से अधिक मरीजों की पहचान कर उनका समय पर उपचार शुरू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि नियमित रूप से 6 माह तक दवा लेने, पौष्टिक आहार और निक्षय मित्रों के सहयोग से टीबी मरीज पूर्णतः स्वस्थ होकर ‘टीबी चैंपियन’ बन रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य के साथ वर्ष 2047 तक विकसित और हेल्दी भारत के निर्माण का संकल्प है। उन्होंने युवाओं से टीबी उन्मूलन अभियान में सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया।

उप मुख्यमंत्री शुक्ल आज गांधी चिकित्सा महाविद्यालय भोपाल के सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में JOSH (जॉइंट स्क्वॉड फ़ॉर हेल्थ) टीम के शुभारंभ अवसर पर संबोधित कर रहे थे। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जे.पी. नड्डा ने नई दिल्ली से राष्ट्रव्यापी स्तर पर JOSH टीम का वर्चुअल शुभारंभ किया। कार्यक्रम में राज्य मंत्री (लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा) नरेंद्र शिवाजी पटेल, आयुक्त स्वास्थ्य एस. धनराजू, आयुक्त स्वास्थ्य, मिशन संचालक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. सलोनी सिडाना, गांधी चिकित्सा महाविद्यालय की डीन डॉ. कविता सिंह, सहित वरिष्ठ अधिकारी, चिकित्सक, स्वास्थ्यकर्मी एवं युवा स्वयंसेवक उपस्थित रहे।

उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और समय पर जांच गंभीर बीमारियों से बचाव में महत्वपूर्ण है। उन्होंने गर्भवती महिलाओं के समय पर एंटी-नेटल चेकअप (एएनसी) कराने और ग्राम पंचायतों से इस दिशा में विशेष सतर्कता बरतने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गैर-संचारी रोगों (एनसीडी) जैसे ब्लड प्रेशर, डायबिटीज एवं फैटी लिवर के साथ सिकल सेल एनीमिया की स्क्रीनिंग का भी व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। सरकार द्वारा निःशुल्क जांच एवं दवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, लेकिन इन स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए जन-जागरूकता और जनभागीदारी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि JOSH टीमें युवाओं की शक्ति को टीबी उन्मूलन अभियान से जोड़ने की महत्वपूर्ण पहल हैं। माय भारत के स्वयंसेवकों और एनसीसी कैडेट्स की ब्लॉक एवं जिला स्तर पर गठित टीमें घर-घर स्क्रीनिंग अभियान में सहयोग करेंगी तथा संभावित मरीजों की पहचान, जागरूकता और स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।

टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों, निक्षय मित्रों और स्वास्थ्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों को किया सम्मानित

उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने टीबी उन्मूलन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 8 टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों, 3 निक्षय मित्रों तथा 5 स्वास्थ्य अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। भोपाल जिले की लगातार तीन वर्षों तक टीबी मुक्त पंचायत की श्रेणी में शामिल बैरसिया ब्लॉक की बांदरुआ, उनीदा, उमरिया, मणिखेड़ी एवं रानी खजूरी तथा फंदा ब्लॉक की निपनिया सूखा, खामखेड़ा एवं कोडिया ग्राम पंचायतों को सम्मानित किया गया। टीबी मरीजों को निरंतर पोषण एवं सामाजिक संबल प्रदान करने के लिए डॉ. मनोज निगम, डॉ. प्रेमलता गोयल एवं श्रीमती मोनिका रोबोट को निक्षय मित्र सम्मान प्रदान किया गया। टीबी स्क्रीनिंग एवं संभावित मरीजों की पहचान में उत्कृष्ट योगदान के लिए पीपुल्स हॉस्पिटल एवं डॉ. आर.के. दीक्षित को भी सम्मानित किया गया। राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में उत्कृष्ट कार्य के लिए डॉ. मनीष शर्मा, सीएमएचओ भोपाल, को प्रदेश में सर्वाधिक एक्स-रे स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने, डॉ. अनिमेश सिंह, डीटीओ भोपाल, को उत्कृष्ट समन्वय एवं प्रबंधन, के.के. सिंह, टीबीएचवी, को सर्वाधिक फील्ड स्क्रीनिंग, महेश शर्मा, लैब टेक्नीशियन, को सर्वाधिक NAAT जांच तथा श्रीमती ज्योतिमाला रावोल, रेडियोग्राफर, को सर्वाधिक एक्स-रे जांच के लिए सम्मानित किया गया।

सामूहिक प्रयासों से टीबी मुक्त मध्यप्रदेश और स्वस्थ भारत के लक्ष्य प्राप्ति को मिलेगी गति: राज्य मंत्री पटेल

लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री नरेन्द्र शिवाजी पटेल ने कहा कि टीबी उन्मूलन के लिए युवाओं की भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है। JOSH टीम के माध्यम से माय भारत स्वयंसेवक एवं एनसीसी कैडेट्स जन-जागरूकता, स्क्रीनिंग और संभावित मरीजों को स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ने में सहयोग करेंगे। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों से टीबी मुक्त मध्यप्रदेश और स्वस्थ भारत के लक्ष्य को और गति मिलेगी।

राज्य स्तरीय कार्यक्रम में 200 से अधिक प्रतिभागियों ने प्रत्यक्ष सहभागिता की। इनमें MY Bharat स्वयंसेवक, NCC कैडेट्स, NTEP टीम, गांधी चिकित्सा महाविद्यालय की फैकल्टी एवं स्वास्थ्यकर्मी शामिल रहे। भोपाल जिले के दो ब्लॉक्स की JOSH टीम के MY Bharat स्वयंसेवकों एवं NCC कैडेट्स ने मुख्य अतिथियों के साथ सामूहिक छायाचित्र भी लिया। कार्यक्रम से प्रदेश के सभी 55 जिलों के जनप्रतिनिधि, सरपंच, स्थानीय निकाय प्रतिनिधि, एनसीसी कैडेट्स, माय भारत स्वयंसेवक एवं स्वास्थ्य कार्यकर्ता वर्चुअल माध्यम से जुड़े। प्रदेशभर से 5,000 से अधिक लोगों ने कार्यक्रम में ऑनलाइन सहभागिता की और टीबी सहित जन-स्वास्थ्य अभियानों को जन-आंदोलन बनाने का संकल्प लिया।