नईदिल्ली
मोदी ने कहा कि उनकी कविताओं ने साहस का संचार किया और उनके विचारों में अनगिनत लोगों के मन पर अमिट छाप छोड़ने की शक्ति थी, जिसने भारत की सांस्कृतिक और राष्ट्रीय चेतना जागृत की। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि भारती ने एक न्यायपूर्ण और समावेशी समाज के निर्माण की दिशा में कार्य किया और तमिल साहित्य को समृद्ध बनाने में उनका योगदान अतुलनीय है।
मोदी ने ‘एक्स’ पर अलग-अलग पोस्ट में लिखा:
“महाकवि सुब्रमण्यम भारती को उनकी जयंती पर श्रद्धांजलि। उनके काव्यों ने साहस का संचार किया और उनके विचारों में अनगिनत लोगों के मन पर अमिट छाप छोड़ने की शक्ति थी। उन्होंने भारत की सांस्कृतिक और राष्ट्रीय चेतना को जागृत किया। उन्होंने एक न्यायपूर्ण और समावेशी समाज के निर्माण की दिशा में कार्य किया। तमिल साहित्य को समृद्ध बनाने में भी उनका योगदान अतुलनीय है।”

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