May 7, 2026

आगजनी पर सीएम योगी का सख्त बयान: ‘लातों के भूत बातों से नहीं मानते’

वाराणसी

वाराणसी में बिरसा मुंडा पर राष्ट्रीय संगोष्ठी के उद्घाटन के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने कावंड़ियों पर जुबानी प्रहार करने वालों पर जमकर निशाना साधा। सीएम योगी ने कहा कि कावंड यात्रा चल रही है। समाज के श्रमिक वर्ग से लेकर उच्च वर्ग तक लोग इसमें जुड़ते हैं। कोई भेदभाव नहीं, न जाति का भेद है न वर्ग का और न ही क्षेत्र का। हर- हर बम- बम बोलते हुए भक्ति भाव से चलते हैं। लेकिन इनका मीडिया ट्रायल होता है। बदनाम किया जाता है। ये मानसिकता भारत की विरासत को अपमानित करती है। कांवड़ियों को उपद्रवी कहना और अपमानित करना गलत है। कांवड़ियों को आतंकवादी बोला जाता है। विरासत और आस्था को अपमानित किया जाता है। 

व्यक्ति भगवा गमछा पहने था, लेकिन उसके मुंह से 'या अल्लाह' निकला
मुख्यमंत्री ने समाज में विभेद पैदा करने वालों पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि कुछ लोग सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट बनाकर जातियों और समुदायों के बीच संघर्ष की स्थिति पैदा कर रहे हैं। उन्होंने एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि दो- तीन साल पहले एक आगजनी की घटना हुई थी। तब मैंने कहा था कि यह आगजनी किसी विशेष समुदाय ने नहीं की होगी। जांच में पता चला कि आगजनी करने वाला व्यक्ति भगवा गमछा पहने था, लेकिन उसके मुंह से 'या अल्लाह' निकला। ऐसे लोगों को चिह्नित कर समाज से बाहर करना होगा, तभी राष्ट्रीय एकता को मजबूत किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि जो लोग समाज को तोड़ने का काम करते हैं, वे वही हैं जो फर्जी अकाउंट बनाकर जातीय संघर्ष को बढ़ावा देते हैं। यह वही वर्ग है, जिसने आदिवासियों को भड़काने और भारत के खिलाफ खड़ा करने का प्रयास किया। इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है।

सीएम ने कहा कि ये वही लोग हैं जिन्होंने जनजाति समुदाय को भारत से अलग करने और भड़काने का प्रयास किया है। भारत के खिलाफ संघर्ष करने के लिए हर स्तर पर षडयंत्र किए। ये वही समुदाय है जो भारत की आस्था का सदैव अपमान करते हैं। सोशल मीडिया पर फेक अकाउंट बनाकर जातीय संघर्ष की स्थिति पैदा करना चाहते हैं। इन सबसे अगर सावधान रह करके अपने आपको और अपने समाज को सुरक्षित कर सकें तो राष्ट्रीय एकता को संबल प्रदान करने की भूमिका में हमारी से संस्थाएं बड़ी भूमिका का निर्वहन कर सकती हैं।

सीएम ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा की जो विरासत है वो हमें राष्ट्रीय एकता की उन्हीं चुनौतियों से जूझने के लिए राष्ट्रीय एकता प्रदान कर रहा है। उस प्रेरणा से हम कुछ सबक सीख सकें। उन्होंने ब्रिटिशर्स और जमींदारी के शोषण के खिलाफ आंदोलन किया था। अगर हम इससे कुछ सीख सकेंगे तो आपकी चुनौती कम होगी। 

सीएम ने कहा- ये लातों के भूत बातों से नहीं मानते

सीएम ने कहा कि जौनपुर में जबरदस्ती ताजिया निकलते वक्त लोग हाइटेंशन तार की चपेट में आ गए। फिर सड़क जाम कर दिया गया, तो पुलिस द्वारा मुझसे पूछा गया कि क्या करना है तो मैंने कहा लाठी से मारकर बाहर निकालो। ये लातों के भूत बातों से नहीं मानते। एक भी जगह सोशल मीडिया पर विरोध नहीं किया, सिर्फ उन्होंने ही किया। मुहर्रम पर अस्त्र शस्त्र इस्तेमाल पर रोक लगा दी। 

दारोगा की भूमिका में जाओगे तो पिटोगे
सीएम योगी ने कहा कि सोशल मीडिया के फेक अकाउंट से जातीय संघर्ष बढ़ाने वालों से सुरक्षित रहना होगा। किसी गांव के किसी दो लोगों का मामला है तो उसके लिए प्रशासन है। लेकिन तुम वहां पर जबरदस्ती दारोगा की भूमिका में जाओगे तो पिटोगे। जो बीच में आकर जबरन करने का प्रयास करते हैं उनको रोकना चाहिए।

 

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