हरियाणा
खिलाड़ियों व पहलवानों से हरियाणा की पहचान होती है। पिछले 7 साल से नए खेल के कोई भी उपकरण नहीं खरीदे गए। उपकरण तब खरीदे गए थे, जब मनोहर लाल खट्टर सीएम थे। जब अनिल विज खेल मंत्री थे। उस समय 30 करोड़ रुपए के खेल उपकरणों की खरीद की गई थी।
ऐसा नहीं है कि खेल विभाग के पास बजट की कमी है। सरकार ने बीते 3 साल में हरियाणा खेल बजट चार गुना बढ़कर 1962 करोड़ रुपए तक कर दिया है। असल में सारा मामला ई-टेंडर और फाइलों में उलझा हुआ है। CM नायब सैनी 4 महीने पहले मंजूरी दे चुके हैं, लेकिन अब फाइल खेल मंत्री के पास अटकी है।
खेल विभाग हरकत में
पिछले दिनों जर्जर बॉस्केट पोल गिरने से रोहतक ने नेशनल प्लेयर हार्दिक राठी और बहादुरगढ़ में अमन की मौत हो गई। इसके बाद से खेल विभाग हरकत में है। सभी जर्जर व पुराने खेल ढांचे बदलने के आदेश दिए गए हैं।

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