March 26, 2026

SDM बबनदीप वालिया का फाजिल्का ट्रांसफर, सीनियर्स पर गंभीर आरोपों के बाद कार्रवाई

चंडीगढ़.

पंजाब सरकार की ओर से आज जिन 9 आईएएस और पीसीएस अफसरों का तबादला किया गया है, उनमें से एक नाम बाघापुराना के एसडीएम बबनदीप सिंह वालिया का भी है, जिन्होंने पिछले दिनों मुख्य सचिव से अपने एडीसी पर पंचायत समिति के चुनाव में खास उम्मीदवारों को जितवाने के लिए दबाव बनाने की शिकायत की थी।

बबनदीप सिंह का यह शिकायती पत्र सोशल मीडिया पर वायरल खूब वायरल हुआ, जिस पर हाई कोर्ट ने नाराजगी जताई थी। अब बबनदीप को नए आदेशों में एसडीएम बाघापुराना के पद से हटाकर मुख्यमंत्री फील्ड अधिकारी फाजिल्का में लगा दिया गया है। इस मामले ने उस समय तूल पकड़ा, जब पंचायत समिति के 15 सदस्यों ने हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। याचिकाकर्ताओं ने आरोप लगाया कि 17 मार्च को जब वे अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के चुनाव में हिस्सा लेने के लिए अन्य निर्दलीय सदस्यों के साथ पहुंचे, तो उन्हें बीडीपीओ कार्यालय में अवैध रूप से बंधक बना लिया गया।

वापस लिया फैसला
याचिकाकर्ताओं ने स्वयं को शिरोमणि अकाली दल से संबंधित बताया। इस केस की सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट ने डीसी और एसडीएम को भी पेश करने के आदेश दिए और मंगलवार को हुई। सुनवाई के दौरान एसडीएम के पेश होने पर अदालत ने सबसे पहले उस पत्र पर सवाल उठाया, जो मुख्य सचिव को लिखा गया था और बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। हाई कोर्ट ने एसडीएम से पूछा कि एक संवेदनशील पत्र सार्वजनिक कैसे हुआ। अदालत ने स्पष्ट कहा कि अगर उन पर किसी प्रकार का दबाव था तो उन्हें नियमानुसार अपने वरिष्ठ अधिकारियों के समक्ष मामला रखना चाहिए था। कोर्ट ने यह भी कहा कि एक जिम्मेदार सरकारी अधिकारी से इस तरह की कार्यप्रणाली की अपेक्षा नहीं की जा सकती। साथ ही अदालत ने यह भी पूछा कि यदि पत्र में लगाए गए आरोप सही साबित नहीं होते तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा।

इस पर एसडीएम ने अदालत को बताया कि उन्होंने यह पत्र दबाव में आकर लिखा था। हालांकि, कोर्ट ने इस जवाब पर असंतोष जताते हुए कहा कि ऐसी स्थिति में अधिकारी के पास अवकाश लेने या सीधे मुख्य सचिव से मिलकर अपनी बात रखने का विकल्प भी था। अदालत ने दोहराया कि संस्थागत व्यवस्था के भीतर ही समस्याओं का समाधान किया जाना चाहिए। हाई कोर्ट की बेहद तीखी टिप्पणी के बाद राज्य सरकार ने आज जिन नौ अधिकारियों का तबादला किया है, जिनमें बबनदीप सिंह भी शामिल हैं।